Jun 19, 2018

जयपुर के रघुवीर सिंह चौधरी की success story अब हिंदी में।

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राजस्थान के जयपुर में रहने वाले रघुवीर सिंह एक बेहद साधारण परिवार से ताल्लुक रखते हैं। एक समय ऐसा भी था जब उनके घर की हालत इतनी अच्छी नहीं थी कि वह स्कूल जाकर उच्च शिक्षा हासिल कर पाते, इसलिए मजबूरन उन्हें ई कॉमर्स साइट अमेज़न में बतौर डिलीवरी बॉय काम करना पड़ता था। जहां उन्हें महज 9000 तनख्वाह मिलती थी, लेकिन आज यह युवक ऐप के जरिए चाय बेचकर लाखों का कारोबार कर रहा है, चाय बेचकर लाखों का कारोबार करने वाले रघुवीर सिंह की सफलता के मूल मंत्र को आइए जानते हैं।
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 नाम से नहीं काम से अपनी पहचान बनाएं 

बेहद कम उम्र में इतना बड़ा स्टार्टअप शुरुआत करने वाले रघुवीर सिंह मानते हैं, कि इंसान की असली पहचान उनके नाम से नहीं बल्कि काम से बनती है, अपनी मिसाल देते हुए रघुवीर ने बताया कि दिनभर थकने के बाद रघुबीर को अक्सर चाय की तलब लगती थी, लेकिन आस-पास चाय के ठेले या दुकान ना होने की वजह से उन्हें लगातार साइकिल पर डिलीवरी करनी पड़ती थी, रघुबीर ने सोचा कि जब इतनी बड़ी कंपनी अन्य सामानों की डिलीवरी कर सकती है तो क्यों ना वह भी चाय डिलीवर करने का धंधा शुरु कर दें।

वहीं से उन्हें डिलीवरी करने का आईडिया सुझा, इसके लिए रघुवर ने एक ऐप बनाई और WhatsApp और फोन पर आर्डर प्राप्त कर डिलीवर करना शुरू कर दिया।

विपरीत परिस्थितियों में हार ना माने 

कामयाबी की राह में आने वाली अड़चन अक्सर इंसान का मनोबल तोड़ देती है। इस तरह की मुश्किलें रघुवीर के रास्ते में भी आई, दरअसल स्टार्टअप शुरू करने के बाद रघुबर के पास चाय डिलीवर करने की ढेरों फरमाइश आने लगी, इतने बड़े पैमाने पर चाय का बंदोबस्त करना और उसे डिलीवर करना काफी मुश्किल काम था, इसके लिए उन्होंने 100 से भी ज्यादा चाय वालों से संपर्क साधा और 4 बाइकों पर दोस्तों की मदद से चाय पहुंचाना शुरू कर दिया, रोजाना दर्जनों मुश्किलों का सामना करने के बाद आज रघुवीर खुद को एक कामयाब इंसान मानते हैं।

रणनीति बनाएं और मित्र गणों की सलाह लें 

रघुवीर का कहना है कि "किसी भी काम को करने से पहले उस पर शुभचिंतकों या दोस्तों की राय लेना जरूरी होता है, इससे आपको बाजार की स्थिति का बेहतर अनुभव मिलता है, रघुवीर ने शुरुआत में अपने दो दोस्तों के साथ मिलकर इस काम को शुरु किया था, 3 लोगों में से कोई भी ज्यादा पढ़ा लिखा नहीं था लेकिन कमाई के मामले में आज उसे कई दिग्गजों को मात दे रहे हैं।

रघुबीर को हर दिन 600 से 800 चाय के ऑर्डर मिलते हैं जिससे वह महीनों के लाखों रुपए कमा रहे हैं

सफलता के मंत्र 

लक्ष्य के प्रति मन में जुनून और धैर्यवान विवेक के बिना जीवन में कामयाबी की कल्पना करना मुश्किल है, अक्सर लोग केवल मन में जज्बा लिए लक्ष्य का पीछा करते हैं,जबकि धैर्य इंसान को सही समय पर सही निर्णय लेना सिखाता है।भारतीय महिला क्रिकेट टीम की तीन होनहार खिलाड़ियों ने भी जज्बे और धैर्य के बल पर खुद को शिखरनुमा ऊंचाइयों पर पहुंचाया है,

आगे इस कड़ी में हम आपके लिए लेकर आएंगे, भारतीय महिला क्रिकेट टीम के तीन शानदार खिलाड़ी के जीवन का अनकही कहानी लेकर जिसका छोटा सा भाग हम आपको यहां पर पढ़ने के लिए दे रहे हैं, अगर आपको अच्छा लगे तो हमारे पोस्ट को जरूर पढ़िएगा।

मिताली राज 

भारतीय क्रिकेट की कप्तान मिताली राज का कहना है कि "मुश्किल हालात में धैर्य ना खोना ही इंसान की सबसे बड़ी पहचान है, उसे कभी भी अपनी पहचान नहीं खोनी चाहिए, क्योंकि ईश्वर हर किसी में कुछ ना कुछ एक्स्ट्रा टैलेंट दिये रहता है,

अगर आप उस टैलेंट को पहचान कर अपना काम करेंगे तो आपको सफलता सौ प्रतिशत मिलेगी इसमें कोई दो राय नहीं है,

एकता बिष्ट 

अक्सर लोग ज्यादा जज्बे और जुनून को महत्व देते हैं, ध्यान रखें कि शारीरिक अंगों के कर्मनुसार भी दिमाग को दिल से ऊपर का दर्जा मिला है। अक्सर जुनून में लिए गए फैसलों के परिणाम अच्छे नहीं होते, इसलिए विपरीत परिस्थितियों में धर्य वान बने रहना सबसे जरूरी है, इससे आपको सही फैसले लेने और सही रणनीति बनाने में मदद मिलेगी। और अगर आप सही समय पर सही फैसला लेते हैं, तो फिर आपको कामयाब इंसान बनने से कोई नहीं रोक सकता।

झूलन गोस्वामी

इंसान का जज्बा कामयाबी की राह पर उनकी रफ्तार को तो तेज कर सकता है, लेकिन वह गति उसे सही दिशा में मिल रहा है या नहीं या धैर्य पर निर्भर करता है, जीवन में सफलता पाने के लिए कुछ एक्स्ट्रा करने की जरूरत नहीं है, बस अपने हुनर को पहचान कर अपना काम आगे बढ़ाएं, आप अपने टैलेंट के अनुसार काम करें और बाजार के अनुसार भी।

तो आपको सफलता जरूर मिलेगी बस आपको धैर्य रखने की जरूरत है, क्योंकि सफल इंसान कोई एक दिन में नहीं बन जाता, वैसे भी एक हार से भी कोई विश्व विजेता नहीं बन जाता और एक जीत से कोई सिकंदर नहीं बन जाता उसे बार-बार जीतना पड़ता है, उसी तरह आपको भी अपने काम को बार बार करते रहना होगा, तब तक जब तक कि आपका नाम कामयाब लोगों की लिस्ट में शामिल नहीं हो जाए।


तो आज हमने आपको बताया कि रघुवीर सिंह एक अमेजन का डिलीवरी बॉय से कैसे लाखों रुपए महीना कमाने लगे, हम आगे और भी इस तरह के पोस्ट आपके लिए लेकर आते रहेंगे, बस आप कमेंट के जरिए हमारा हौसला बढ़ाते रहें अगर आपको इस तरह के पोस्ट पसंद आते हैं, तो अपने दोस्तों के साथ भी शेयर करते रहें और कमेंट करना ना भूलें।

दोस्तों यह जयपुर के रघुवीर सिंह चौधरी की सच्ची घटना है। आप लोगों के साथ यह इसलिए शेयर किया है ताकि आप भी ऐसे मोटिवेट होकर अपनी जिंदगी में कुछ अच्छा कर सके आपको कैसा लगा जरूर बताइएगा। 
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5 comments:

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  5. Atal Pension Yojana 2019 को लागु किया गया है क्योकि Atal Pension Yojana Online की वजह से जो लोग व्यवसाय कर रहे होते है या मजदूरी पर अपना गुजरान चला रहे होते है उन्हें अपने बुढ़ापे में कोई आर्थिक तकलीफ ना हो|

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